Headlines

Restaurants

Fashion

सीएम हरियाणा के राजनीतिक भविष्य पर मंथन

cm haryana
सिरसा(प्रैसवार्ता)। हरियाणा की भाजपा सरकार के खिलाफ भाजपाई दिग्गजों की ओर से खोले गए मोर्चे से नेतृत्व परिवर्तन के आसार बन गए है। बगावती तेवर रखने वाले भाजपाई सांसदों, विधायकों, प्रांतीय पदाधिकारियों तथा जिलाध्यक्षों को डैमेज कंट्रोल संभालने की कमान स्वयं सीएम मनोहर लाल खट्टर ने संभाल ली है, जो दिल्ली में डेरा डालकर संघ के नेताओं व भाजपा के शीर्ष नेतृत्व के समक्ष अपना पक्ष रख रहे है। दूसरी तरफ हरियाणा की बिगड़ती भाजपाई तस्वीर पर कड़ा संज्ञान लेते हुए शीर्ष नेतृत्व ने भाजपा के राष्ट्रीय सह महामंत्री (संगठन) वी.सतीश को जिम्मेवारी सौंपी है, जो भाजपाई सांसदों, विधायकों, दिग्गजों, प्रांतीय पदाधिकारियों तथा जिलाध्यक्षों के साथ बैठक करके अपनी रिपोर्ट शीर्ष नेतृत्व को देंगे। वर्तमान में कई भाजपाई सांसद, करीब डेढ़ दर्जन प्रांतीय पदाधिकारी तथा डेढ़ दर्जन के लगभग जिलाध्यक्षों ने मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर के खिलाफ मोर्चा खोला हुआ है। बगावती तेवर वाले इन भाजपाई दिग्गजों का आरोप है कि अफसरशाही उन्हें तव्वजों नहीं देती, जिस कारण लोगों के काम नहीं हो रहे और लोगों में भाजपा के प्रति मोह तेजी से कम हो रहा है। प्रदेश की वर्तमान राजनीतिक तस्वीर को देखते हुए मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने अपने ओएसडी मुकुल कुमार सहित कई  वरिष्ठ अधिकारियों को इधर-उधर करके असंतुष्ट भाजपाई दिग्गजों को संतुष्ट करने का काम किया है। प्रदेश में अपनी ही सरकार से असंतुष्ट भाजपाईयों के बढ़ते आंकड़े की विस्तृत रिपोर्ट वी.सतीश शीर्ष नेतृत्व को सौपेंगे, जिसके आधार पर ही हरियाणा में नेतृत्व परिवर्तन पर शीर्ष नेतृत्व निर्णय ले सकता है, ऐसी संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता। सूत्रों के अनुसार वी. सतीश की ओर से लिए गए फीड बैक की रिपोर्ट ने सीएम की बेचैनी बढ़ा दी है, क्योंकि बगावती दिग्गज नेतृत्व परिवर्तन की मांग का दवाब बनाए हुए है। हरियाणा की भाजपा सरकार के साथ भाजपाईयों की ओर से खेली जा रही आँख मिचौली पर शीर्ष नेतृत्व गंभीरता से मंथन कर रहा है।

Share this:

Post a Comment

 
Copyright © The Pressvarta Trust. Blog Templates Designed by OddThemes